(चित्र गूगल से साभार)
मिलें हमें अधिकार हमारे , बोलो जी ,सरकार कहाँ है ?
फ़र्ज़ निभाने उसको सारे , बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
गंदी सड़क ,पटा है नाला, बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
बरसे एसिड , अम्बर काला , बोलो जी , सरकार कहाँ हैं?
धरती हिलती , सागर रोया, बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
पर्वत ने अपना धन खोया , बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
बैंक माँगते वापिस कर्जा, बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
तुरत विपक्ष सड़क पर गरजा, बोलो जी, सरकार कहाँ है ?
जाम उड़ाते ससुर-जँवाई , बोलो जी, सरकार कहाँ है ?
भाई से लड़ता है भाई, बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
बेटा हो गया निपट नशेड़ी , बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
मेहनत के हाथों में बेड़ी , बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
लौकी रात-रात में बढ़ती , बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
बेटी को रम ज़रा न चढ़ती , बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
सास-बहू में हुई लड़ाई, बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
शिष्य गुरु पर करे चढ़ाई, बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
भोले बन गए गुरु-घंटाला , बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
फसल अकल की ,पड़ा है पाला, बोलो जी ,सरकार कहाँ है ?
कहीं भी कुछ हो ,एक ही नारा , बोलो जी ,सरकार कहाँ है ?
यही पूछना काम हमारा , बोलो जी , सरकार कहाँ है ?
डॉ. ज्योत्स्ना शर्मा
1.2.21